भोपाल, 4 अगस्त 2026। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य, भावनात्मक संतुलन और समग्र कल्याण को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से National Task Force (NTF) के अंतर्गत “Mental Health and Well-being” विषय पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन PMCOE, शासकीय हमीदिया कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय, भोपाल में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना, तनाव एवं भावनात्मक चुनौतियों से सकारात्मक ढंग से निपटने की समझ विकसित करना तथा स्वस्थ एवं सहयोगात्मक शैक्षणिक वातावरण को प्रोत्साहित करना था।कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. रचना मिश्रा मुख्य रूप से उपस्थित रहीं। कार्यक्रम की संसाधन विशेषज्ञ (Resource Person) डॉ. रत्ना शर्मा, मनोवैज्ञानिक एवं प्रोफेशनल काउंसलर ने मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण के विभिन्न आयामों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य केवल मानसिक रोगों की अनुपस्थिति का नाम नहीं है, बल्कि यह भावनात्मक संतुलन, सकारात्मक सोच, आत्मविश्वास, स्वस्थ सामाजिक व्यवहार और बेहतर निर्णय क्षमता का आधार है। उन्होंने विद्यार्थियों को तनाव प्रबंधन, आत्म-स्वीकृति, संवाद और समय पर परामर्श लेने के महत्व से भी अवगत कराया।कार्यक्रम में इस बात पर विशेष बल दिया गया कि शैक्षणिक उपलब्धियों के साथ-साथ विद्यार्थियों का मानसिक एवं भावनात्मक विकास भी समान रूप से आवश्यक है। वर्तमान समय में बढ़ते शैक्षणिक दबाव, प्रतिस्पर्धा, व्यक्तिगत अपेक्षाओं और बदलती सामाजिक परिस्थितियों के बीच विद्यार्थियों के लिए ऐसा सुरक्षित एवं सहयोगात्मक वातावरण विकसित करना आवश्यक है, जहाँ वे अपनी भावनाओं और समस्याओं को बिना किसी झिझक के साझा कर सकें तथा आवश्यकता पड़ने पर विशेषज्ञ परामर्श प्राप्त कर सकें।National Task Force की नोडल प्रभारी डॉ. ममता एक्का के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम ने मानसिक स्वास्थ्य पर खुले एवं सकारात्मक संवाद की आवश्यकता को रेखांकित किया। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया गया कि मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी चुनौतियों को नजरअंदाज करने के बजाय समय रहते उन्हें समझना, स्वीकार करना और उचित सहयोग प्राप्त करना स्वस्थ एवं संतुलित जीवन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त संकाय सदस्यों एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। प्रतिभागियों की सक्रिय उपस्थिति और संवाद ने कार्यक्रम को ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायी एवं प्रभावी बनाया।कार्यक्रम के अंत में डॉ. संस्कृति दामड़े ने आभार प्रदर्शन करते हुए मुख्य अतिथि, विशेषज्ञ वक्ता, प्राचार्य, सभी संकाय सदस्यों एवं विद्यार्थियों का सहयोग एवं सहभागिता के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।इस आयोजन के माध्यम से महाविद्यालय ने विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित, संवेदनशील, सहयोगात्मक और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक शैक्षणिक वातावरण विकसित करने की अपनी प्रतिबद्धता को पुनः रेखांकित किया। साथ ही यह संदेश भी दिया गया कि मानसिक स्वास्थ्य एवं कल्याण केवल व्यक्तिगत विषय नहीं, बल्कि एक स्वस्थ, सकारात्मक और सशक्त शैक्षणिक समुदाय के निर्माण का आधार है।