
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के मैदानी इलाकों में भीषण गर्मी और लू को लेकर चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार 24 मई तक उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में अधिकतम तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक की और बढ़ोतरी हो सकती है।इधर मध्य प्रदेश के इंदौर में भी गर्मी ने पिछले दस वर्षों का रिकॉर्ड लगभग छू लिया। सोमवार को शहर का अधिकतम तापमान 44.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से चार डिग्री अधिक रहा। इससे पहले वर्ष 2016 और 2024 में यहां तापमान 44.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है।दिल्ली-एनसीआर में पहले से ही तेज गर्मी का असर देखा जा रहा है और आगामी दिनों में तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की आशंका जताई है। दिल्ली के लिए अगले दो दिनों तक ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।सोमवार को उत्तर प्रदेश का बांदा देश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 47.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद मध्य प्रदेश का खजुराहो और प्रयागराज संयुक्त रूप से दूसरे सबसे गर्म शहर रहे, जहां तापमान 46.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।भोपाल मौसम केंद्र के अनुसार इंदौर में 31 मई 1994 को सर्वाधिक 46 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था। वर्तमान में दिन के साथ रातें भी गर्म बनी हुई हैं। बादलों के कारण न्यूनतम तापमान बढ़कर 29 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जो सामान्य से चार डिग्री अधिक है।
मौसम विभाग ने पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पश्चिमी और पूर्वी राजस्थान, पश्चिमी एवं पूर्वी उत्तर प्रदेश में 24 मई तक भीषण लू चलने की संभावना जताई है। इसके अलावा मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, मराठवाड़ा और मध्य महाराष्ट्र के कई हिस्सों में भी अलग-अलग दिनों में गर्म हवाओं का प्रभाव बना रह सकता है। बिहार, तेलंगाना, तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में भी तापमान में बढ़ोतरी और गर्म हवाओं के असर की संभावना व्यक्त की गई है।मौसम विज्ञानियों के मुताबिक राजस्थान से आने वाली उत्तर-पश्चिमी हवाओं के कारण मध्य प्रदेश का बड़ा हिस्सा सामान्य से अधिक गर्म हो रहा है। इंदौर सहित प्रदेशभर में अगले तीन दिनों तक तापमान ऊंचा बने रहने की संभावना है। सोमवार को प्रदेश के 12 जिलों में लू जैसी स्थिति दर्ज की गई।