राजधानी भोपाल के प्रतापगढ़ी आरोह क्षेत्र में निवासरत आदिवासी ओझा समाज के परिवार ने प्रधानमंत्री आवास योजना (पीएमएवाई) के अंतर्गत उन्हें आवास आवंटित करने की मांग की है। परिवार ने बताया कि वर्ष 2017 में स्मार्ट रोड निर्माण के कारण उनका मकान तोड़ा गया था और उन्हें अस्थायी रूप से जवाहर चौक क्षेत्र के टीन शेड में विस्थापित किया गया था।परिवार का कहना है कि विस्थापन के समय उन्हें नजदीकी क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया था। वर्ष 2021 में सर्वेक्षण के बाद उन्हें हितग्राही चयन प्रमाण-पत्र भी जारी किया गया और श्याम नगर पार्ट-2 आवासीय योजना के लिए ₹20,000 जमा कराने को कहा गया, जो उन्होंने कर्ज लेकर जमा किए।परिवार का आरोप है कि अधिकारियों की लापरवाही और मिलीभगत के कारण श्याम नगर पार्ट-2 में किसी का भी ऋण स्वीकृत नहीं हुआ, जबकि अन्य क्षेत्रों के लाभार्थियों के ऋण स्वीकृत कर दिए गए। अत्यधिक गरीबी और आर्थिक तंगी के बावजूद वे निर्धारित राशि किश्तों में जमा करने को तैयार हैं और गृह ऋण स्वीकृति की मांग कर रहे हैं।आदिवासी परिवार ने मुख्यमंत्री और नगर निगम प्रशासन से निवेदन किया है कि उन्हें श्याम नगर पार्ट-2 में आवास आवंटित किया जाए। यदि वहां संभव न हो, तो आराधना नगर, पीएंडटी, 12 नं. बस स्टॉप, बागमुगालिया या आशिमा मॉल के पास चल रही प्रधानमंत्री आवास योजना में से किसी स्थान पर आवास उपलब्ध कराया जाए।परिवार ने कहा कि शीघ्र निर्णय न होने पर वे अपने परिवार सहित आवास की गंभीर समस्या से जूझते रहेंगे।