मध्यप्रदेश के राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि केंद्र सरकार द्वारा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर प्रारंभ किया गया धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान जनजातीय समुदाय के सशक्तिकरण और समावेशी विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक और दूरगामी पहल है।राज्यपाल श्री पटेल आज सीहोर जिले के ग्राम झोलियापुर में धरती आबा अभियान के अंतर्गत आयोजित राज्य स्तरीय शिविर कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि यह अभियान न केवल जनजातीय समाज के कल्याण की भावना को केंद्र में रखता है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और जागरूक नागरिक के रूप में देश के विकास में सक्रिय भागीदार बनाने की दिशा में कार्य करता है।राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार का यह निरंतर प्रयास है कि ऐसे जनजातीय नागरिक, जो अब तक शासकीय योजनाओं और सेवाओं से वंचित रह गए हैं, उन्हें प्राथमिकता के साथ लाभान्वित किया जाए। इस अभियान के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण, बैंकिंग, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा से संबंधित योजनाएं सीधे ग्राम स्तर पर पहुँचाई जा रही हैं।उन्होंने यह भी कहा कि भगवान बिरसा मुंडा ने अपने जीवन में जनजातीय समाज के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष किया और उनके आदर्श आज भी हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। धरती आबा अभियान उनके सपनों के भारत के निर्माण की दिशा में एक ठोस कदम है।

शिविर कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, जनजातीय समाज के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि तथा शासकीय अधिकारी उपस्थित थे। इस अवसर पर विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा अपने-अपने स्टॉल लगाए गए, जिनमें ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी दी गई तथा लाभ वितरित किए गए। स्वास्थ्य शिविर, आधार पंजीयन, बैंक खाता खोलना, किसान पंजीयन, छात्रवृत्ति आवेदन जैसे कार्य भी शिविर में संपन्न हुए।राज्यपाल ने जनजातीय समुदाय से आग्रह किया कि वे इस अभियान का अधिकतम लाभ लें, जागरूकता को बढ़ाएं और अपने जीवन स्तर को ऊँचा उठाने में सक्रिय भागीदारी निभाएं। उन्होंने अधिकारियों से भी आग्रह किया कि वे इस अभियान को एक जनांदोलन के रूप में संचालित करें और अंतिम व्यक्ति तक सेवाओं की पहुँच सुनिश्चित करें।इस अवसर पर विधायक श्री रमाकांत भार्गव ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। प्रारंभ में कलेक्टर श्री बालागुरू के. ने धरती आबा अभियान के तहत जिले में संचालित गतिविधियों एवं क्रियान्वयन के संबंध में जानकारी दी। जिला पंचायत सीईओ डॉ नेहा जैन ने आभार व्यक्त किया।