राजभवन, भोपाल – राज्यपाल एवं कुलाधिपति श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि डॉ. बी. आर. अम्बेडकर सामाजिक विज्ञान विश्वविद्यालय, महू को बाबा साहब अम्बेडकर के सामाजिक न्याय, समानता और अधिकारिता के विचारों का जीवंत केंद्र बनना चाहिए। विश्वविद्यालय की शैक्षणिक और शोध गतिविधियाँ बाबा साहब के विचारों और जीवन मूल्यों से प्रेरित हों तथा परिसर सामाजिक समरसता का आदर्श प्रस्तुत करे।श्री पटेल ने यह विचार आज राजभवन भोपाल में आयोजित विश्वविद्यालय की शासी निकाय की पाँचवीं बैठक को संबोधित करते हुए व्यक्त किए। बैठक में राज्यपाल के अपर मुख्य सचिव श्री के.सी. गुप्ता, उच्च शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री अनुपम राजन, विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. रामदास गोमाजी आत्रम तथा अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।

राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल छात्र-छात्राओं को उपाधियाँ प्रदान करना नहीं है, बल्कि उनका सामाजिक दृष्टिकोण विकसित करना है। उन्होंने कहा कि भारत रत्न बाबा साहब अम्बेडकर के संघर्षों, उनके जीवन-मूल्यों और वंचितों के उत्थान के लिए किए गए कार्यों के प्रति भावी पीढ़ी में समझ और अभिरुचि विकसित होनी चाहिए।श्री पटेल ने विश्वविद्यालय को वित्तीय दृष्टि से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में प्रयास करने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं को सरकार के सहयोग से क्रियान्वित किया जाए, किंतु केवल सरकारी सहायता पर निर्भर न रहते हुए विश्वविद्यालय को नवाचार और संसाधन जुटाने के अन्य उपाय भी अपनाने चाहिए।
\