राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना जनजातीय समाज के कल्याण के लिए एक अभूतपूर्व पहल है, जिसका उद्देश्य वंचित वर्गों को सशक्त बनाना और समरस समाज का निर्माण करना है। उन्होंने समाज के समृद्ध वर्ग से आव्हान किया कि वे इस योजना के तहत बनने वाले आवासों को और बेहतर बनाने में सहयोग प्रदान करें।राज्यपाल श्री पटेल ने मंगलवार को राजभवन में पीएम जनमन योजना की प्रगति की समीक्षा बैठक की। बैठक में राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी भी उपस्थित थे। राज्यपाल ने अधिकारियों से अपेक्षा की कि आवास निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सामग्री की मजबूती और निर्माण प्रक्रिया पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण सामग्री की लागत को कम करने, कीमतों में समन्वय बनाने, स्थानीय एवं हरित निर्माण सामग्री के उपयोग को बढ़ावा देने और मैदानी स्तर पर नवाचार व सहयोग को प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।उन्होंने निर्देश दिए कि आवास निर्माण में सबसे गरीब हितग्राहियों को प्राथमिकता दी जाए और आवास मजबूत एवं सुविधाजनक हों। विभागीय अधिकारियों को स्थल निरीक्षण के दौरान निर्माण गुणवत्ता की निगरानी करने, स्थल चयन और निर्माण सामग्री की उपलब्धता पर ध्यान देने तथा हितग्राहियों को मार्गदर्शन देने के निर्देश दिए।

राज्यपाल को बैठक में जानकारी दी गई कि आवास निर्माण के लिए स्थानीय सामग्री उपलब्ध कराने की दिशा में पहल की गई है। ईंट निर्माण कार्य में स्व-सहायता समूहों को जोड़ा गया है। साथ ही पर्यावरण अनुकूल निर्माण को प्रोत्साहित करने और सामग्री की दरें कम करने के लिए जिला स्तर पर मूल्य निर्धारण की कार्रवाई भी की गई है।राज्यपाल ने कहा कि पीएम जनमन योजना के सफल क्रियान्वयन से जनजातीय समुदाय को समग्र रूप से लाभ होगा। उन्होंने प्रशासन और समाज से अपेक्षा की कि वे मिलकर इस योजना को गति दें और गुणवत्तापूर्ण आवास निर्माण सुनिश्चित करें।