मध्य प्रदेश में अनुसूचित आति (SC) को उनकी जनसंख्या के अनुपात में 16% और अनुसूचित अनआति (51) को 20% आरक्षण दिया आता है।साथ ही आर्थिक आधार पर सामान्य वर्ग को भी उनकी संख्या के अनुसार 10% आरक्षण प्राप्त है। लेकिन जब बात OBC (अन्य पिछड़ा वर्ग) की होती है तो भाजपा और कांग्रेस दोनों ही केन्वाल 27% आरक्षण की बात करते हैं। यह माक्षर्यजनक है कि हमारे कुछ सामाजिक संगठन भी OBC की वास्तविक संख्या से आये आरक्षण को भीख की तरह मांग रहे हैं।1931 में हुई अंतिम जातिगत जनगणना के अनुसार, OBC की जनसंख्या कम से कम 52% है। इसलिए हमारी मोहन सरकार से यह स्पष्ट मांग है किपिछड़े वर्ग को 52% आरक्षण दिया जाए।यह बात दलित पिछड़ा समाज संगठन (DPSS) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं आजाद समाज पार्टी (भीम आर्मी) के वरिष्ठ नेता श्री दामोदर सिंह यादव ने एक पत्रकार वार्ता में कही।उन्होंने बताया कि भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा ग्वालियर हाईकोर्ट परिसर में लगाने की मांग, OBC को 52% आरक्षण देने, छात्र संघ चुनाव प्रत्यक्ष प्रणाली से कराने, सम्राट अशोक जयंती को राजकीय अवकाश घोषित करने, तथा भोपाल में जाति प्रमाणपत्र बनवाने में आ रही दिक्कतों जैसे मुद्दों को लेकर दलित पिछड़ा समाज संगठन 30 जुलाई को मानसून सत्र के दौरान विधानसभा का घेराव करेगा।

इस आंदोलन में पूरे प्रदेश से हजारों की संख्या में युवा, छात्र, संगठन के कार्यकर्ता और विन्सान शामिल होंगे। 30 जुलाई को दोपहर 2 बजे शिवाजी चौराहा (रेड क्रॉस) से विधानसभा की ओर कूच किया जाएगा, जहाँ जनहित के मुद्दों को लेकर एक विशाल आंदोलन किया जाएगा।बलबहादुर बघेल बने DPSS के प्रदेश अध्यक्षभोपाल जिले की बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया निर्णयसामाजिक न्याय की लड़ाई लड़ने वाले संगठन दलित पिछड़ा समाज संगठन (DPSS) ने श्री बलबहादुर बघेल (पाल) को मध्य प्रदेश काप्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है।

भोपाल जिले में आयोजित एक बैठक में यह निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया।संगठन प्रमुख श्री दामोदर सिंह यादव ने कहा कि श्री बघेल ग्वालियर-चंबल अंचल में लम्बे समय से पिछड़े वर्ग के मुद्दों को लेकर संघर्षरत रहे हैं।अब वह राजधानी में रहकर पूरे प्रदेश में संगठन को नेतृत्व प्रदान करेंगे और पिछड़े समाज के अधिकारों की लड़ाई को मजबूती से आगे बढ़ाएंगे। इस अवसर पर प्रदेश उपाध्यक्ष अमित बंसोड़, महासचिव सौख यादव, राजकुमार प्रजापति, महिला नेत्री सुनीता धरने सहित भोपाल जिले के दर्जनों कार्यकर्ता उपस्थित रहे।