
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नवनियुक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी भूमिका किसी साधारण नौकरी की तरह नहीं, बल्कि यशोदा मैया की तरह है। जिस प्रकार यशोदा मैया ने नन्हे श्रीकृष्ण का पालन-पोषण कर उन्हें संस्कार दिए, उसी तरह आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं पर भी हर बच्चे को स्नेह, देखभाल और संस्कार देने की जिम्मेदारी होती है। उन्होंने कहा कि नियुक्ति पत्र सिर्फ एक औपचारिक दस्तावेज नहीं, बल्कि बच्चों की मुस्कुराहट, पोषण, माताओं की देखभाल और समाज की जिम्मेदारी निभाने का वचन-पत्र है।मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि नवनियुक्त बहनें पूर्ण समर्पण और निष्ठा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगी और प्रदेश को कुपोषण के खिलाफ लड़ाई में आगे बढ़ाएंगी। मुख्यमंत्री ने प्रतीक स्वरूप तीन नई आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान कर उन्हें शुभकामनाएं दीं। विधायक और पूर्व मंत्री अर्चना चिटनीस ने सभी नवीन नियुक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को ‘विकसित मध्यप्रदेश @2047’ के लक्ष्य को प्राप्त करने तथा ‘सुपोषित मध्यप्रदेश’ के निर्माण में योगदान देने की शपथ दिलाई।मुख्यमंत्री ने कहा कि आज भी गांवों में आंगनवाड़ी दीदी को मिलने वाला सम्मान किसी भी अन्य कर्मचारी से ज्यादा होता है। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सिर्फ एक कर्मचारी नहीं, बल्कि गांव की पहली गुरू और पहली पोषण दूत होती हैं। उनकी बदौलत लाखों बच्चों में कुपोषण में कमी आई है, गर्भवती महिलाओं में जागरूकता बढ़ी है और स्कूलों में ड्रॉपआउट रेट में भी कमी दर्ज की गई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मातृशक्ति को न्यू इंडिया की मजबूत नींव बताया है, और आंगनवाड़ी बहनें इस दृष्टिकोण को साकार कर रही हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए कई योजनाएं संचालित कर रही है। नगर निकाय और शासकीय नौकरियों में महिलाओं के लिए आरक्षण सीमा बढ़ाई गई है, वहीं रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए उद्योग समूहों को सहायता राशि भी प्रदान की जा रही है।कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास मंत्री सुश्री निर्मला भूरिया ने बताया कि मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य है, जहां आंगनवाड़ी स्तर पर भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन की गई। अब तक 1,091 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और 10,984 सहायिकाओं की नियुक्ति के आदेश जारी किए जा चुके हैं। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता के 2,077 पदों के लिए 81,704 आवेदन प्राप्त हुए, जबकि सहायिकाओं के 17,477 पदों पर 3,17,627 आवेदन ऑनलाइन आए। शेष पदों को भरने की प्रक्रिया भी तेजी से चल रही है।कार्यक्रम में प्रतीक स्वरूप 50 नवनियुक्त आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया था। सभी ने मुख्यमंत्री को धन्यवाद पत्र सौंपकर आभार व्यक्त किया।