
मध्य प्रदेश में लंबे समय से प्रतीक्षित पदोन्नति में आरक्षण संबंधी नई व्यवस्था अब मूर्त रूप लेने जा रही है। प्रदेश सरकार द्वारा “मप्र लोक सेवा पदोन्नति नियम 2025” को अंतिम रूप दे दिया गया है, जिसे आगामी एक-दो दिनों में अधिसूचित (Notified) कर दिया जाएगा।इस नई अधिसूचना के बाद सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) प्रदेश के समस्त विभागों में विभागीय पदोन्नति समितियों (DPC) की प्रक्रिया प्रारंभ करेगा। विभाग द्वारा संकेत दिए गए हैं कि पहली डीपीसी अगले दस दिन के भीतर आयोजित की जाएगी।यह प्रक्रिया वर्ष 2025 की पदोन्नतियों के लिए लागू होगी। साथ ही यह भी प्रस्तावित है कि वर्ष 2026 की पदोन्नति के लिए डीपीसी सितंबर 2025 में आयोजित की जाएगी।ह निर्णय प्रदेश के कर्मचारियों के हित में लिया गया है ताकि पदोन्नति से जुड़े लंबित मामलों का शीघ्र निराकरण किया जा सके और कार्य प्रणाली में पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित हो सके।
प्रत्येक पद के लिए दो गुना + 4 अभ्यर्थी बुलाए जाएंगे। जैसे 10 पद खाली हैं तो 24 लोग चयन प्रक्रिया में शामिल होंगे। पद भरने की प्राथमिकता में पहले अजजा, फिर अजा और अंत में अनारक्षित वर्ग को लिया जाएगा। सूत्रों के अनुसार, पदोन्नति नियमों को अंतिम रूप देने से पहले 27 ड्राफ्ट तैयार किए गए थे। अंततः मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव से चर्चा कर कैबिनेट द्वारा स्वीकृत नियम को अधिसूचित किया जाएगा। जीएडी का दावा है कि यह नया नियम सभी वर्गों को समान अवसर सुनिश्चित करता है।