
जिस वक्त नोएडा पुलिस ने इस फ्रॉड गैंग का खुलासा किया था, उस वक्त पूछताछ में पता चला था कि सौरभ दुबई से इस गेमिंग एप को फ्रेंचाइजी के माध्यम से चलाता था। नोएडा में भी उसने झांसी के एक शख्स को इसकी फ्रेंचाइजी दी थी। इसके बदले में सौरभ को अच्छा खास कमीशन मिलता था। इस तरह कमीशन के आधार पर देश के कई राज्यों व विदेशों में भी फ्रेंचाइजी दे रखा था।400 करोड़ रुपये से अधिक के महादेव एप ऑनलाइन गेमिंग फ्रॉड मास्टरमाइंड सौरभ चंद्राकर की इंटरपोल की ओर से दुबई में गिरफ्तारी के बाद अब इस धोखाधड़ी के नोएडा मॉड्यूल का भी राज खुलेगा। नोएडा में भी महादेव एप फ्रॉड में मास्टरमाइंड के रूप में सौरभ का नाम भी सामने आया था। अब सौरभ के दुबई से भारत आने के बाद नोएडा पुलिस भी आगे की कार्रवाई करेगी। सौरभ पर छत्तीसगढ़ से लेकर देश के कई राज्यों में मुकदमे दर्ज हैं।
कोतवाली सेक्टर-39 पुलिस ने फरवरी 2023 में महादेव एप गेमिंग फ्रॉड का खुलासा किया था। इस फ्रॉड एप की एक शाखा नोएडा के सेक्टर-108 में चल रही थी। यहां से सैकड़ों लोगों से ठगी की जा रही थी। पुलिस की टीम ने उस वक्त इस अंतरराष्ट्रीय ठग गिरोह के 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया था।