मध्यप्रदेश विधानसभा के सत्र की शुरुआत भी हो रही है। इस घेराव और सत्र की रणनीति को लेकर रविवार को नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के निवास पर उपनेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे, पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव, पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल, विधायक आरिफ मसूद, विधायक सचिन यादव, पूर्व विधायक प्रवीण पाठक और प्रदेश कांग्रेस महासचिव राजा बघेल समेत वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं की मौजूदगी में रूपरेखा बनाई गई। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आगे कहा कि सरकार की विफलता ये भी रही कि युवाओं को 2 लाख नौकरी नहीं दे पाए। साथ ही सरकार संविदा शिक्षकों के दर्द को भी नही देख पा रही है। उन्होंने आगे कहा इसके अलावा सरकार की विफलता ये भी रही कि वो प्रदेश को आर्थिक मोर्चे पर मजबूत नहीं कर पाए। वहीं टोल पर भी अवैध वसूली चल रही है। उमंग सिंघार ने कहा कि सरकार की विफलता ये भी है कि ट्रांसफर से अधिकारी परेशान है, ट्रांसफर पोस्टिंग उद्योग बन गया है।

उमंग सिंघार ने कहा कि इन सभी विफलताओं को लेकर सड़क से सदन तक सरकार से जवाब मांगा जाएगा।नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने बताया कि प्रदेश के कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में भोपाल पहुंचने को कहा गया है। प्रदेश भर से कम से कम 50 हजार कार्यकर्ता इस घेराव में शामिल होंगे। 20 से 25 हजार वाहनों से कार्यकर्ता भोपाल पहुंचेंगे।पटवारी ने कहा कि हम प्रशासन का सहयोग करना चाहते हैं। प्रशासन भी सकारात्मक रुख दिखाए। घेराव में आने वाले कार्यकर्ताओं को सभा स्थल तक पहुंचने में प्रशासन मदद करे। न कि उन्हें सीमाओं पर रोककर परेशान किया जाए। विधानसभा घेराव के लिए कांग्रेस कार्यकर्ता भोपाल के जवाहर चौक पर इकट्ठे होंगे।