
राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि हाट बाजारों में सिकल सेल और टीबी की स्क्रीनिंग शिविर लगाए जाने चाहिए, ताकि स्वास्थ्य सेवाएँ दूरस्थ और विरल आबादी तक भी पहुँच सकें। उन्होंने कहा कि सिकल सेल जाँच के 100 दिवसीय अभियान की उपलब्धियाँ प्रभावशाली हैं और इस अभियान को 125 दिन तक बढ़ाया जाना चाहिए।राज्यपाल श्री पटेल बुधवार को राजभवन के जवाहर खंड में लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, आयुष और जनजातीय कार्य विभाग की समीक्षा कर रहे थे। इस अवसर पर जनजातीय प्रकोष्ठ के अध्यक्ष श्री दीपक खांडेकर भी उपस्थित थे।राज्यपाल ने स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को आंगनवाड़ियों के साथ सतत संपर्क पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि परिवार कल्याण कार्यक्रमों के प्रभावी संचालन में आंगनवाड़ियों के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं की पहुँच को और बेहतर बनाया जा सकता है। उन्होंने यह भी कहा कि जिलों के प्रवास के दौरान वह पीएम जनमन, धरती आबा अभियान, सिकल सेल और टीबी रोग की अनिवार्य रूप से समीक्षा करेंगे।उन्होंने अपेक्षा व्यक्त की कि जिलों में राज्यपाल के प्रवास के दौरान कार्यक्रम स्थल पर टीबी और सिकल सेल रोग की स्क्रीनिंग शिविरों का आयोजन किया जाए। साथ ही, स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों का सहयोग प्राप्त करने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के लिए सांसद और विधायक निधि से वित्तीय सहयोग प्राप्त करने के प्रयास किए जाएं। इस संदर्भ में वे स्वयं भी जनप्रतिनिधियों से सहयोग की अपील करेंगे।
राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि स्वास्थ्य कार्यक्रमों की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि सेवाएँ अंतिम व्यक्ति तक कितनी प्रभावी रूप से पहुँच रही हैं। उन्होंने कहा कि समुदाय के बीच जाकर स्वास्थ्य शिक्षा के प्रयास अत्यंत कारगर सिद्ध होते हैं।राज्यपाल ने एकलव्य विद्यालयों में सिकल सेल जाँच शिविरों के आयोजन की पहल की सराहना की। साथ ही, जनजातीय छात्रावासों के प्राचार्यों और शिक्षकों को सिकल सेल रोग के प्रति संवेदनशील बनाने (सेंसेटाइजेशन) के प्रयासों की आवश्यकता बताई।उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त और सर्वसुलभ बनाने के लिए सामुदायिक भागीदारी और जनप्रतिनिधियों का सक्रिय सहयोग अत्यंत आवश्यक है। राज्यपाल ने विश्वास व्यक्त किया कि संयुक्त प्रयासों से सिकल सेल और टीबी जैसे रोगों की रोकथाम और नियंत्रण में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की जा सकती है।