
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के एक भाषण से संबंधित है, जिसमें उन्होंने राज्य में रोजगार और आत्मनिर्भरता को लेकर सरकार की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया है। यह भाषण इंदौर के दशहरा मैदान में आयोजित महापौर मेगा रोजगार मेला के उद्घाटन समारोह के अवसर पर दिया गया।
मुख्य बिंदु:
- युवा सशक्तिकरण: मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की प्राथमिकता है कि युवा सक्षम, योग्य और आत्मनिर्भर बने।
- रोजगार एवं स्वरोजगार: सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर देकर एक स्वावलंबी समाज और प्रदेश का निर्माण करना।
- हर क्षेत्र में प्रयास: दुग्ध पालन जैसे पारंपरिक क्षेत्रों से लेकर आईटी जैसे आधुनिक क्षेत्रों में रोजगार सृजन के प्रयास किए जा रहे हैं।
- औद्योगिक विकास: रोजगार आधारित औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए इंडस्ट्री कॉन्क्लेव जैसे आयोजनों का आयोजन किया गया, जिनके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।
डॉ. यादव ने यह भी संकेत दिया कि सरकार इस दिशा में लगातार तेजी से काम कर रही है ताकि प्रदेश के हर वर्ग को रोजगार के अवसर मिल सकें और आर्थिक रूप से मजबूत समाज की स्थापना हो सके।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रोजगार मेले को मिले बेहतर प्रतिसाद की सराहना की और कहा कि ऐसे रोजगार मेलों के माध्यम से सरकार और प्रशासन युवाओं को अवसर, मंच और मार्गदर्शन प्रदान कर रहा है। उन्होंने युवाओं को रोजगार देने की दिशा में इंदौर जिले में हर एक पंचायत में स्थापित किये गये उद्योग लगाने के अभियान की भी प्रशंसा की। उल्लेखनीय है कि इंदौर जिले में अभियान चलाकर सभी पंचायतों में उद्योग स्थापित कराने का कार्य किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवाओं से कहा कि आज का युग कौशल का है। डिग्री के साथ व्यवहारिक ज्ञान और संवाद कौशल भी ज़रूरी हैं। मुझे गर्व है कि इंदौर ने इस दिशा में एक अनुकरणीय पहल की है। मुख्यमंत्री ने युवाओं से अपील की कि वे इन अवसरों का लाभ उठाएँ और अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाएँ।