मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज उज्जैन पुलिस लाइन परिसर में नवनिर्मित उज्जैन पुलिस वेलफेयर सोसाइटी के पेट्रोल पंप का लोकार्पण किया। यह पंप पुलिस विभाग की कल्याणकारी गतिविधियों को सशक्त बनाने की दिशा में एक अभिनव कदम है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शुभारंभ अवसर पर सांकेतिक रूप से कुछ वाहनों में पेट्रोल भरकर संचालन की शुरुआत की और पुलिस परिवार को शुभकामनाएं दीं।मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि यह पहल पुलिस विभाग के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि इस पेट्रोल पंप से होने वाली आमदनी पुलिस के जरूरतमंद परिवारों के लिए आर्थिक सहायता और कल्याणकारी कार्यों में उपयोग की जाएगी। यह व्यवस्था पुलिसकर्मियों के परिजनों के जीवन में स्थिरता और सुरक्षा लाने में सहायक सिद्ध होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार पुलिस कर्मियों और उनके परिवारों के प्रति संवेदनशील है। उनके हितों की रक्षा और जीवन स्तर में सुधार के लिए अनेक कदम उठाए जा रहे हैं।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस विभाग की मेहनत, निष्ठा और त्याग की सराहना करते हुए कहा कि “हमारी पुलिस सिर्फ कानून व्यवस्था की रक्षा ही नहीं करती, बल्कि सामाजिक सेवा में भी अग्रणी भूमिका निभा रही है। उनकी निष्ठा और कर्तव्यपरायणता ही प्रदेश को सुरक्षित बनाती है।” उन्होंने आगे कहा कि पुलिस बल का मनोबल ऊँचा रखना सरकार की प्राथमिकता है और इस दिशा में हर संभव कदम उठाए जाएंगे।

“एक बगिया मां के नाम” अभियान के अंतर्गत वाटिका का लोकार्पण और पौधारोपण
लोकार्पण कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन पुलिस लाइन परिसर में "एक बगिया मां के नाम" अभियान के अंतर्गत विकसित की गई नवनिर्मित वाटिका का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने आम के पौधे का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि मां के नाम पर यह बगिया मातृत्व, स्नेह और जीवन की हरियाली का प्रतीक है।उन्होंने कहा कि “मां प्रकृति का दूसरा रूप है — पौधे लगाना, उनकी देखभाल करना, धरती को हरा-भरा रखना, यह भी हमारी संस्कृति का हिस्सा है।” मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि वे इस प्रकार के अभियानों में सक्रिय भागीदारी निभाएं और हर व्यक्ति कम से कम एक पौधा जरूर लगाए। उन्होंने कहा कि हर नागरिक यदि एक पौधा लगाकर उसकी देखरेख का संकल्प ले, तो प्रदेश और देश को हरित और स्वच्छ बनाया जा सकता है।इस दौरान उज्जैन के विधायक श्री अनिल जैन कालूहेड़ा, श्री संजय अग्रवाल, श्री रवि सोलंकी, पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि, और नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन पुलिस विभाग के अधिकारियों द्वारा किया गया और धन्यवाद ज्ञापन उज्जैन पुलिस वेलफेयर सोसाइटी की ओर से दिया गया।मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम के अंत में अधिकारियों और कर्मचारियों से संवाद भी किया और उज्जैन पुलिस लाइन परिसर के विकास कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि उज्जैन में पुलिस बल के लिए आधुनिक सुविधाओं और बेहतर कार्य परिवेश की दिशा में निरंतर प्रयास जारी रहेंगे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि “उज्जैन पुलिस वेलफेयर सोसाइटी का पेट्रोल पंप केवल एक व्यावसायिक केंद्र नहीं, बल्कि पुलिस परिवारों के लिए आत्मनिर्भरता का माध्यम है।” उन्होंने कहा कि इस प्रकार की पहलें अन्य जिलों के लिए भी प्रेरणास्रोत बनेंगी। मुख्यमंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि राज्य सरकार पुलिस आवास, स्वास्थ्य सहायता, शिक्षा और बीमा योजनाओं पर विशेष ध्यान दे रही है, ताकि पुलिस कर्मियों के परिवारों को हर स्तर पर सहायता मिल सके।मुख्यमंत्री ने वाटिका के संबंध में कहा कि “एक बगिया मां के नाम” अभियान मातृत्व के सम्मान के साथ-साथ पर्यावरणीय चेतना का सशक्त उदाहरण है। उन्होंने बताया कि इस अभियान को प्रदेश के अन्य जिलों में भी विस्तार दिया जाएगा, ताकि हर पुलिस लाइन, हर थाना परिसर और सरकारी संस्था के पास अपनी हरित बगिया हो।
कार्यक्रम में उमड़ा उत्साह
कार्यक्रम के दौरान पुलिस बैंड द्वारा वादन किया गया और बालक-बालिकाओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया। मुख्यमंत्री ने उपस्थित पुलिसकर्मियों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं और सुझावों को भी सुना। उन्होंने कहा कि सरकार हमेशा पुलिसकर्मियों के साथ खड़ी है, और उनके कल्याण से जुड़ी योजनाओं को गति देने के लिए संकल्पित है।अंत में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उपस्थित जनों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उज्जैन की पुलिस न केवल अनुशासन का प्रतीक है, बल्कि समाजसेवा की प्रेरणा भी देती है। उन्होंने उज्जैन पुलिस वेलफेयर सोसाइटी के पदाधिकारियों को उनके प्रयासों के लिए बधाई दी और कहा कि यह पहल प्रदेश भर में एक नई दिशा दिखाएगी।