
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कारगिल विजय दिवस के अवसर पर वीर सैनिकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए प्रदेशवासियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारतीय सैनिकों ने पराक्रम की पराकाष्ठा का प्रदर्शन करते हुए दुर्गम पहाड़ी परिस्थितियों में एक-एक चोटी को फतह किया और पाकिस्तान को करारी हार दी।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि कारगिल युद्ध की साठ दिन तक चली गाथा आज भी देशवासियों के हृदय और मस्तिष्क में ताजा है। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व में भारतीय सेना ने कठिन परिस्थितियों में असाधारण साहस का परिचय देते हुए देश का मस्तक ऊँचा किया। वीर जवानों के अदम्य साहस, वीरता और बलिदान ने हमें यह सिखाया कि राष्ट्र की सुरक्षा सर्वोपरि है।
उन्होंने कहा कि हमारे वीर सपूतों ने मां भारती की रक्षा के लिए सर्वस्व न्यौछावर कर शत्रु का संहार किया और विजय का परचम फहराया। यह दिन न केवल शौर्य और बलिदान की अमर गाथा को याद करने का अवसर है, बल्कि यह हमारे लिए राष्ट्र के प्रति समर्पण और सेवा का संकल्प लेने का भी उत्सव है।मुख्यमंत्री ने कहा, “कारगिल विजय दिवस हम सभी के लिए गौरव और प्रेरणा का पर्व है। भारतीय सेना ने सिद्ध किया है कि वह हर परिस्थिति में, हर चुनौती का सामना करने में सक्षम है। हमें अपने सैनिकों के अदम्य साहस और बलिदान पर गर्व है। आज हम सबको यह संकल्प लेना चाहिए कि हम मां भारती की सेवा में सदैव तत्पर रहेंगे और राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखेंगे।”डॉ. यादव ने प्रदेशवासियों से अपील की कि कारगिल विजय दिवस पर शहीदों को नमन करते हुए अपने जीवन में राष्ट्रसेवा का संकल्प लें और उनके दिखाए मार्ग पर चलकर देश को और मजबूत एवं समृद्ध बनाएं।