
पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद के जी-11 न्यायिक परिसर के बाहर मंगलवार दोपहर लगभग 12 बजे एक भीषण आत्मघाती धमाका हुआ, जिसमें कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए।प्राप्त जानकारी के अनुसार, धमाका जिला एवं सत्र न्यायालय की मुख्य इमारत के बाहर हुआ। आत्मघाती हमलावर ने पुलिस वाहन के पास खुद को विस्फोटक से उड़ा लिया।घटनास्थल से प्राप्त वीडियो फुटेज में जलती हुई कारें, धुएं के गुबार और भगदड़ के दृश्य दिखाई दे रहे हैं।धमाके के बाद पूरा परिसर अफरातफरी में बदल गया।पुलिस एवं बम निरोधक दस्ते ने तुरंत स्थल को घेरकर सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है।घायलों को निकटवर्ती अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।
सरकारी प्रतिक्रिया
इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने इसे देश के लिए एक “वेक अप कॉल” (चेतावनी) बताया। उन्होंने कहा —हम युद्ध की स्थिति में हैं। जो लोग यह सोचते हैं कि सेना की लड़ाई सिर्फ सीमावर्ती इलाकों में चल रही है, आज का आत्मघाती हमला उनके भ्रम को तोड़ने वाला है।”, पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने इस घटना को “आत्मघाती हमला” बताते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, प्रारंभिक जांच में संकेत मिले हैं कि हमलावर अदालत परिसर में प्रवेश करने की कोशिश कर रहा था, किंतु सुरक्षा बलों की सतर्कता के चलते गेट पर ही विस्फोट हो गया।वकील रुसतम मलिक, जो घटना के समय परिसर में मौजूद थे, ने बताया —जैसे ही मैंने गाड़ी पार्क की, एक जोरदार धमाका हुआ। हर तरफ अफरातफरी मच गई… लोग जान बचाने के लिए भाग रहे थे। गेट पर दो लाशें पड़ी थीं और कई गाड़ियां जल रही थीं।”पुलिस ने नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और सुरक्षा एजेंसियों के साथ सहयोग करने की अपील की है।धमाके की विस्तृत जांच जारी है और अधिकारियों ने हमले के पीछे आतंकी संगठन की संलिप्तता की संभावना से इंकार नहीं किया है।