लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जयंती के अवसर पर आयोजित नर्मदा प्रवाह यूनिटी मार्च का बुधवार को इंदौर में भव्य स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में यह यात्रा सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा से प्रारंभ होकर मधुमिलन चौराहा, आरएनटी मार्ग और विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए छावनी चौराहा पहुँची।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की प्रेरणा से नागपुर से प्रारंभ हुई नर्मदा प्रवाह यूनिटी मार्च यात्रा नागपुर से बैतूल होते हुए इंदौर पहुंची है। उन्होंने कहा कि लौह पुरुष सरदार पटेल ने जिस प्रकार रियासतों का एकीकरण कर राष्ट्र को एक सूत्र में पिरोया, वह अद्वितीय और प्रेरणादायी है। डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है और एकता, विकास एवं राष्ट्रीय संकल्प की यह यात्रा इसी भावना को आगे बढ़ाती है।यात्रा में राज्य सरकार के कई वरिष्ठ मंत्री एवं जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में मौजूद रहे। इनमें खेल एवं युवा कल्याण मंत्री विश्वास सारंग, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, सुश्री कविता पाटीदार, महापौर पुष्यमित्र भार्गव, विधायक मधु वर्मा, महेंद्र हार्डिया, मालिनी गौड़, रमेश मेंदोला, गोलू शुक्ला, जीतू जिराती, श्रवण चावड़ा, सुमित मिश्रा तथा यात्रा प्रभारी कपिल परमार मुख्य रूप से उपस्थित रहे।मुख्यमंत्री डॉ. यादव एक विशाल वाहन में सवार होकर यात्रा का नेतृत्व कर रहे थे। सबसे आगे स्कूल-कॉलेज के छात्र-छात्राएं तथा जनजातीय समाज के महिला और पुरुष कलाकार आकर्षक लोकनृत्य प्रस्तुत कर यात्रा का हिस्सा बने। देशभक्ति की धुन बजाती बैंड पार्टियों ने यात्रा में ऊर्जा बढ़ाई। बड़ी संख्या में महिलाएं और नागरिक पूरे उत्साह के साथ शामिल हुए।यात्रा मार्ग पर जगह-जगह मंच सजाए गए, जहां नागरिकों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का गर्मजोशी से स्वागत किया। कई स्थानों पर लोगों ने फूलों की पंखुड़ियां उड़ाकर एकता यात्रा का अभिनंदन किया। घरों की छतों से महिलाओं ने भी मुख्यमंत्री के वाहन पर फूल बरसाए।

मार्गभर भारत माता की जय और सरदार वल्लभभाई पटेल अमर रहे के जयकारे गूंजते रहे, जिसने माहौल को पूर्णतः देशभक्ति और एकता की भावना से भर दिया।छावनी चौराहा पहुंचने पर नागरिकों ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का विशेष स्वागत करते हुए उन्हें भगवान कृष्ण की प्रतिमा और तलवार भेंट की। यह सम्मान भारतीय परंपरा, वीरता और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक माना गया।सरदार पटेल की जयंती पर आयोजित यह यूनिटी मार्च न केवल उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि है, बल्कि भारत की एकता, अखंडता और सहयोग की भावना को सशक्त रूप से प्रदर्शित करता है।