नई दिल्ली। अरविंद केजरीवाल ने आबकारी नीति से जुड़े मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट से बरी होने के 48 घंटे बाद रविवार को जंतर-मंतर पर आयोजित आम आदमी पार्टी की रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि भाजपा के सत्ता से हटने का काउंटडाउन शुरू हो गया है।रैली में विभिन्न राज्यों से आए पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने आबकारी नीति मामले को “राजनीतिक केस” बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें साजिश के तहत फंसाया गया, लेकिन अदालत के फैसले ने यह साबित कर दिया कि वे “कट्टर ईमानदार” हैं। उन्होंने कहा कि जब सत्ता के उच्च पद पर बैठा व्यक्ति डरने लगता है, तो वह उसके शासन के अंत का संकेत होता है।केजरीवाल ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार आलोचकों की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का उल्लेख करते हुए कहा कि जो लोग शिक्षा और समाज के लिए काम कर रहे हैं, उन्हें भी परेशान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि देश में पिछले 12 वर्षों में सड़कों, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और सफाई जैसे क्षेत्रों की स्थिति खराब हुई है। प्रधानमंत्री के “विकसित भारत” विजन पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि जनता पहले “रहने लायक भारत” चाहती है।अपने राजनीतिक और व्यक्तिगत जीवन का जिक्र करते हुए केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने आईआईटी से अच्छे अंकों से पढ़ाई पूरी करने के बाद विदेश न जाकर देश सेवा को प्राथमिकता दी। उन्होंने आयकर विभाग में आयुक्त के रूप में अपनी नौकरी और दिल्ली के मुख्यमंत्री के रूप में 10 वर्षों के कार्यकाल का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 4 अप्रैल 2011 को जंतर-मंतर पर उठी आवाज ने तत्कालीन कांग्रेस सरकार को सत्ता से बाहर किया था और अब यह रैली भी ऐतिहासिक साबित होगी।

दिल्ली की भाजपा सरकार पर हमला करते हुए केजरीवाल ने आरोप लगाया कि शहर की स्थिति खराब हो गई है। उन्होंने कहा कि सड़कों की हालत जर्जर है, कई इलाकों में गंदे पानी की समस्या है और वायु प्रदूषण से लोगों को सांस लेने में कठिनाई हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि 10 हजार बस मार्शल, डीटीसी चालकों-कंडक्टरों, मोहल्ला क्लीनिक कर्मचारियों और अस्पतालों में कार्यरत डेटा एंट्री ऑपरेटरों को नौकरी से हटाया गया है। उन्होंने दावा किया कि यदि अभी चुनाव हों तो भाजपा को 10 सीटें भी नहीं मिलेंगी।रैली को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बेंगलुरु से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पंजाब के साथ भेदभाव कर रही है और राज्य को उसका उचित वित्तीय हिस्सा नहीं दिया जा रहा है। मान ने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में पंजाब की जनता आम आदमी पार्टी को 100 सीटों का समर्थन देगी।कार्यक्रम को आप के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया, गोपाल राय, संजय सिंह और आतिशी ने भी संबोधित किया। रैली में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे और पार्टी नेतृत्व ने इसे ऐतिहासिक बताते हुए आगामी राजनीतिक संघर्ष की शुरुआत करार दिया।